Home मनोरंजन कोरोना वॉरियर्स के लिए छलका आयुष्मान का दर्द, शेयर की उनके सम्मान...

कोरोना वॉरियर्स के लिए छलका आयुष्मान का दर्द, शेयर की उनके सम्मान में लिखी कविता

हलचल टुडे

Apr 10, 2020, 07:08 PM IST

मुंबई. देश में जारी लॉकडाउन के बीच एक्टर आयुष्मान खुराना सोशल मीडिया के जरिए फैंस से जुड़े हुए हैं। शुक्रवार को उन्होंने अपना एक वीडियो शेयर किया, जिसके जरिए उन्होंने लॉकडाउन में सेवाएं दे रहे कोरोना वॉरियर्स के प्रति आभार जताया। इस हृदयस्पर्शी कविता के जरिए उन्होंने सफाईकर्मियों और कचरा उठाने जैसा काम करने वाले लोगों के प्रति समाज से अपना नजरिया बदलने को कहा।

इस कविता को शेयर करते हुए आयुष्मान ने लिखा, ‘यह कविता उन सभी योद्धाओं के लिए है, जो मोर्चे पर सामने खड़े रहकर हमारे लिए लड़ रहे हैं, हमें बचा रहे हैं, साथ ही कोरोनावायरस के खिलाफ हमारे और हमारे परिवारों के लिए अपनी जान को जोखिम में डाल रहे हैं। मैंने अपनी ओर से आभार प्रकट करने के लिए इस कविता को लिखा है। मैं आपको सलाम करता हूं। भारत आपको सलाम करता है। जय हिन्द।’

आयुष्मान की लिखी कविता

हमको तो सिर्फ घर पे रहना है…
वो सामने वाली बिल्डिंग कुछ दिन पहले सील हो गई,
और तब से आस पड़ोस के लोगों की जिंदगी थोड़ी तब्दील हो गई।
उसी बिल्डिंग के नीचे वाली दुकान से तो घर का सामान आता था,
वो बीमारी के बारे में कुछ दिन पहले बता देते तो क्या जाता था।

आज हम डरे हुए हैं, जीवित हैं पर मरे हुए हैं।

आज लगता है कि काश कर दें सब कुछ ठीक, इस दुनिया को करके रिवाइंड,
बट बिलीव मी, दिस इज नथिंग बट द कलेक्टिव कर्मा ऑफ ह्युमन काइंड।

सलाम है उसको जो सड़कें साफ करता है, कचरा लेकर जाता है,

घर का सामान लेकर आता है, और फिर अपने घर जाता है।
पर हमने उनको कभी इज्जत दी ही नहीं, हम पैसे वाले हैं, हमारे बाप का क्या जाता है।

और वो बेचारा डरता है कि कोरोनावायरस उसके परिवार को ना हो जाए,
वो अपने छोटे बच्चे को छू नहीं पाता है,
ये अमीर गरीब का इंसानियत से परे का नाता है,
इस देश को गरीब ही चलाता था, गरीब ही चलाएगा,
हमें इस समय भी सब सुविधाएं गरीब ही दिलाएगा।

अब जब ये सब ठीक हो जाएगा ना, तो इन लोगों को इज्जत देना,
कोई काम छोटा नहीं होता ये बात अपने पल्ले बांध लेना
आज डॉक्टर, नर्सेस, पुलिस, हमारे सिक्युरिटी गार्ड हैं सबसे ज्यादा काम के
और मुझ जैसे बॉलीवुड हीरो, हैं बस नाम के,
हम बस पैसे दे सकते हैं, हथियार दे सकते हैं,
पर लड़ना उनको है, उन्हीं को सब कुछ सहना है।

हमको तो सिर्फ घर पे रहना है…
हमको तो सिर्फ घर पे रहना है…



Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

4 साल की बच्ची ने गाया 'वंदे मातरम'; पीएम मोदी ने कहा- हमें आप पर गर्व है

2 घंटे पहलेकॉपी लिंकएस्तेर ने 25 अक्टूबर को अपने ऑफिशियल यूट्यूब चैनल पर वंदे मातरम गाना अपलोड किया था।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मिजोरम की रहने...

घोटालेबाजों से लेना चाहिए पैसा, तीन कंपनियों ने किया है 82,000 करोड़ देने का ऑफर

Hindi NewsBusinessLoan Repayment: Kapil Wadhawan DHFL Finance And Other Three Companies Offers Rs 82,000 Croresमुंबई2 घंटे पहलेलेखक: अजीत सिंहकॉपी लिंकडीएचएफएल ने 43 हजार करोड़...

पैदल 15 किमी. का जंगल पार कर पढ़ने जाती हैं लड़कियां, सोनू सूद का ऐलान- हर लड़की तक साइकिल पहुंच रही है

10 घंटे पहलेकॉपी लिंकलॉकडाउन में हजारों प्रवासी मजदूरों के लिए बसों का अरेंजमेंट करने वाले सोनू सूद अब लड़कियों को साइकिल बांटने जा रहे...