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शहर के स्टेडियम में दिन और रात कार सीख रहे लोग, खिलाड़ी हो रहे परेशान

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शाजापुर6 मिनट पहले

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ग्राउंड में कार ड्राइविंग, कई युवा भी फालतू बैठे दिखाई दे रहे हैं।

  • लाल मिट्टी डालने से ट्रैक सख्त, मैदान और सड़क में कोई अंतर नहीं

शहर के स्टेडियम में कार ड्राइविंग की जा रही है। समस्या कई सालों से हैं। इसका अब तक हल नहीं मिला। ग्राउंड में बाउंड्रीवॉल और गेट नहीं होने की वजह से दिन और रात में कार चलाने के शौकीन यहां पर अपने हाथ आजमाते रहते हैं। इससे खिलाड़ियों को रनिंग करने, खेलने में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। स्टेडियम शहरवासियों के लिए फिटनेस का भी काम करता है। यहां सुबह युवा, बुजुर्ग सैर सपाटे के लिए निकलते हैं।

वहीं कॅरियर बनाने के लिए भी युवा इसे इस्तेमाल करते नजर आते हैं और आर्मी-पुलिस की भर्ती के नौजवान भी यही प्रैक्टिस करते हैं। दुर्भाग्यपूर्ण है कि यहां कार ड्राइविंग की जा रही है। चालकों को यह समझ में नहीं आता कि उन्हें कौन से ट्रैक पर कार सीखना चाहिए। ऐसे कारचालकाें की वजह से यहां कोई भी खिलाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हो सकता है।

कोच भी नाराज, बोले- धूल और प्रदूषण भी बढ़ रहा
बास्केटबॉल कोच प्रवीण दीक्षित ने कहा लाल मिट्टी से ट्रैक इतना सख्त हो गया है कि यहां पर एथलीट खिलाड़ी नहीं बन सकते। कार चलाने से और भी सख्त होता जा रहा है। द्रोणाचार्य पुरस्कार प्राप्त योगेश मालवीय ने कहा कार चलने पर धूल और प्रदूषण भी होता है। जिम्नास्टिक कोच जितेंद्र शर्मा का कहना है कि बाउंड्रीवॉल बना दी जाए तो कार चालक भी अंदर नहीं आ सकेंगे। वॉलीबॉल के कोच पवन उचड़िया ने कहा कि स्टेडियम पर हक खिलाड़ी और कोचों का होना चाहिए। इसके अलावा कोई भी कार्यक्रम यहां नहीं होना चाहिए।

मैदान में लाइट नहीं होने से असामाजिक तत्वों का डेरा
कार ड्राइविंग के अलावा 26 जनवरी और 15 अगस्त के कार्यक्रम भी इसी ग्राउंड पर किए जाते हैं। इससे यहां लाल मिट्टी डालने पर मैदान ग्राउंड सख्त हो गया है। सड़क और मैदान पर दौड़ने में कोई अंतर नजर नहीं आता हैं। इससे एथलीट खिलाड़ी को गंभीर समस्या होती है। इनके अलावा यहां लालघाटी थाना होने के बावजूद भी रात में स्ट्रीट लाइट नहीं होने की वजह से असामाजिक तत्व नशे की गतिविधि करते हैं। ग्राउंड के बीच बीयर, शराब की बोतलें, नमकीन पाउच के खाली पैकेट पड़े रहते हैं, जो अभ्यास करते वक्त खिलाड़ी की समस्या बनते हैं।

खेल अधिकारी बोलीं- बाउंड्रीवाॅल व गेट के लिए आवेदन किया
मामले में जिला खेल अधिकारी, खेल एवं युवा कल्याण विभाग शाजापुर शर्मिला डावर ने कहा पीआई को स्टेडियम की बाउंड्रीवॉल बनाने और गेट के लिए आवेदन दिया है। हम भी चाहते हैं कि जल्द से जल्द या काम कार्य हो जाए। इससे शहर को बेहतरीन खिलाड़ी मिले।

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